गणेशजी की आरती

गणेशजी की आरती
(ओम जय जगदीश हरे के तर्जपर)
ओम जय गणपति गणराजा, स्वामी जय गणपति गणराजा ।
बंधु षडानन शंभु पिता, अरु मातु हिंगुलाजा ।।

प्रथम पूज्‍य गणपति-मंगलमूर्ति गणराज

भारत का बच्‍चा-बच्‍चा जानता है कि भगवान गणेश प्रथम पूज्‍य है । चाहे वह गृहस्‍थी हो, चाहे वह सन्‍यासी हो, चाहे वह शैव हो, चाहे वह वैष्‍णव हो सभी व्‍यक्तियों, संप्रदायों के द्वारा गणेशजी की प्रथम पूजा की जाती है । चाहे घर का कोई मांगलिक, धार्मिक अनुष्‍ठान हो, चाहे व्‍यपार का प्रारंभ करना होContinue reading “प्रथम पूज्‍य गणपति-मंगलमूर्ति गणराज”

गणेश चालीसा

हे गौरा-गौरी के लाला । हे प्रभू तैं दीन दयाला
सबले पहिली तोला सुमरँव । तोरे गुण ला गा के झुमरँव
तही बुद्धि के देवइया प्रभु । तही विघन के मेटइया प्रभु
तोरे महिमा दुनिया गावय । तोरे जस ला वेद सुनावय
देह रूप गुणगान बखानय । तोर पॉंव मा मुड़ी नवावय
चार हाथ तो तोर सुहावय । हाथी जइसे मुड़ हा भावय